2019 लोगसभा चुनाव के लिए दिल्ली में आम आदमी पार्टी ने प्रत्याशीयों के नाम घोषित किये

delhi aap party announces candidates for lok sabha election


2019 लोगसभा चुनाव के लिए दिल्ली में आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी के नाम घोषित किये 


आने वाले लोगसभा चुनाव 2019 में अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी ने दिल्ली के लिए सभी 7 सीटों पर बिलकुल अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है. आम आदमी पार्टी के जुझारू नेता गोपाल राय ने बताया की दिल्ली में हमारा कांग्रेस के साथ कोई गठबंधन नहीं हुआ है. उन्हीने 6 सीटों पर पार्टी के उम्मीदवार के नाम जारी किये.

2019 लोगसभा चुनाव के लिए दिल्ली में आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी के नाम

नई दिल्ली   ब्रजेश गोयल

चाँदनी चौक  पंकज गुप्ता

पूर्वी दिल्ली  आतिशी

दक्षिण दिल्ली  राधाव चडड़ा

नार्थ वेस्ट    घुघन सिंह

नार्थ ईस्ट    दिलीप पांडे

आप पार्टी, कांग्रेस के साथ गठबंधन करना चाहती थी
 

आप पार्टी दिल्ली में चाहती थी की वो कांग्रेस के साथ गठबंधन करके लोगसभा चुनाव लड़ें. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल कुछ दिनों पहले एक कार्यक्रम में बोले थे की यदि कांग्रेस और आप पार्टी अलग-अलग चुनाव लडती है तो इसे भाजपा पार्टी को सीधा फायदा होगा. आगे उन्होंने कहा की अपनी पार्टी को तरफ से पुर ज़ोर कोशिश हुई की कांग्रेस के साथ हमारा गठबंधन हो जाये लेकिन कांग्रेस इस मुड़ में नहीं दिखी. साथ में एक आरोप जताया था की कांग्रेस दिल्ली औ उत्तर प्रदेश में भाजपा को जितना चाहती है.

अरविंद केजरीवाल ने राहुल के मुलाकात की थी


राष्टीय कांग्रेस पार्टी के नेता प्रमुख शरद पवार के दिल्ली में जो आवास है वहां फरवरी के समय विपक्षी पार्टी के नेताओं के बीच एक बैठक हुई थी. इस विपक्षी बैठक में अरविंद केजरीवाल और राहुल दोनों उपस्थित थे. इस बैठक के बाद राहुल ने अपने विचार प्रकट किये थे की दिल्ली में आप और कांग्रेस के एक साथ चुनाव लड़ने पर बाद में तय किया जायेगा.

आप के साथ चुनाव लड़ने के पक्ष में कोई नेता नहीं – शीला दीक्षित



दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष शीला दीक्षित ने पार्टी नेताओं के साथ बैठक की. इसके बाद उन्होंने कहा की कोई भी नेता आप के साथ चुनाव लड़ने के पक्ष में नहीं है. पार्टी के उपस्थित नेताओं ने कहा था की कोई भी दिल्ली में गठबंधन के समर्थन में नहीं है. 

New Rule of Election Commission 2019 | चुनाव आयोग का नया नियम

New Rule of Election Commission 2019


New Rule of Election Commission 2019 | चुनाव आयोग का नया नियम 2019


चुनाव के नए नियम के तहत कहा गया है की अब वोट देने के लिए फोटो वाली मतदान पर्ची के साथ कोई पहचान पत्र भी साथ ले जाना होगा. इस बिषय में चुनाव आयोग ने 10 से आधिक दस्तावेज की सूचि बताई है. इस सूची में से एक पहचान पत्र वोटर आईडी के साथ ले जाना जरुरी है. मतदाता पहचान पत्र पर अब बड़े अक्षरों में लिखा होगा की यह पहचान पत्र के तौर ओया स्वीकार नहीं होगी.

मतदान के लिए जाने पर ये दस्तावेज साथ ले जाना होगा


मतदान पहचान पत्र, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, आधार कार्ड, सांसद या विधायक की और से जारी पहचान पत्र, स्मार्ट कार्ड(रजिस्ट्रार जनरल ऑफ इंडिया द्वारा राष्ट्रीय जनसंख्या पंजी के तहत जारी),पैन कार्ड, पेंशन दस्तावेज(फोटो के साथ), मनरेगा जॉब कार्ड, बैंक या डाकघर द्वारा जारी पासबुक, हेल्थ इंश्योरेंस स्मार्ट कार्ड(मिनिस्ट्री ऑफ लेबर), केंद्र या राज्य सरकारों, पीएसयु, कंपनियों के द्वारा जारी किये गए पहचान पत्र.



शूटिंग वर्ल्ड कप में भारत की अपूर्वी ने 10मी. एयर राइफल में जीता स्वर्ण पदक

Apurvi Chandela Wins Gold Medal


शूटिंग वर्ल्ड कप में भारत की अपूर्वी ने 10मी. एयर राइफल में जीता स्वर्ण पदक (Apurvi Chandela Wins Gold Medal)


शूटिंग वर्ल्ड कप में भारतीय प्रिभागी अपूर्वी चंदेला ने 10 मीटर एयर रायफल में स्वर्ण पदक जीता है. यह एक वर्ल्ड कप है. इससे पहले चीन की खिलाड़ी रुओझ झाऊ ने 2018 में 252.4 अंक के साथ स्वर्ण पदक जीता था.

2019 में 16 साल बाद भारत को अपूर्वी चंदेला ने स्वर्ण पदक दिलाया है. इससे पहले भारत की अंजलि भगवत ने 2003 में शूटिंग वर्ल्ड कप के 10 मीटर एयर रायफल में स्वर्ण पदक जीता था.

शूटिंग वर्ल्ड कप 2019 के इस प्रतियोगिता में चीन की निशानेबाजों ने रजत और कांस्य पदक जीता. 2018 की बिजेता रुओझ झाऊ ने 251.8 अंक के साथ दुसरे स्थान पर रही और तीसरे स्थान पर चीन की ही प्रतियोगी झु होंग ने 230.4 अंक के साथ रही.

अपूर्वी चंदेला ने 2015 में रजत पदक जीता था


जिसा की मालूम हो अपूर्वी चंदेला का शूटिंग वर्ल्ड कप में यह तीसरा पदक है. 2015 में उन्होंने आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में रजत पदक जीता था. इसी बर्ष 2015 में लगातार उन्होंने चांगवोन वर्ल्ड कप में कांस्य पदक जीता था. इसी प्रकार 2018 में हुए जकार्ता एशियन गेम्स में उन्होंने मिक्स्ड टीम में रवि कुमार के साथ 10 मीटर एयर रायफल में कांस्य पदक जीता था.

टोक्यो ओलिंपिक 2020 के लिए कोटा


टोक्यो ओलिंपिक 2020 के लिए भारत के दो खिलाड़ी अपूर्वी चंदेला और अंजुम मौदगिल सितंबर 2018 में ही कोटा हासिल कर लिया था. उस दौरान वर्ल्ड चैम्पियनशिप के महिला 10 मीटर एयर रायफल में दोनों दुसरे नंबर पर रहीं थी. जैसा नियम है की कोई देश इस वर्ग में ज्यादा से ज्यादा दो कोटा हासिल कर सकता है. भारत इस वर्ग के दोनों कोटा हासिल कर चुका है.



कन्द्रीय सरकार का बड़ा फैसला, अब अर्धसैनिक बलों को मिलेगी हवाई यात्रा की सुविधा और भत्ता

government approved air travel for central armed paramilitary forces


कन्द्रीय सरकार का बड़ा फैसला, अब अर्धसैनिक बलों को मिलेगी हवाई यात्रा की सुविधा और भत्ता (government approved air travel for central armed paramilitary forces)


पुलवामा में पिछले दिनों हुए बड़े आतंकी हमले को देखते हुए केंद्रीय सरकार ने सैनिकों की सुरक्षा को बढाने का फैसला किया है. अब मोदी सरकार केंद्रीय पुलिस बल के जवानों को हवाई यात्रा के लिए भत्ता देगी.
पुलिस बल के जवानों के लिए पहले ऐसी को सुविधा नहीं दी गयी थी. इस नए फैसले के तहत केंद्रीय पुलिस बल के जवानों को दिल्ली से श्रीनगर, श्रीनगर से दिल्ली, जम्मू से श्रीनगर और श्रीनगर से जम्मू तक के लिए भत्ता दिया जायेगा.

केंद्रीय गृह मंत्रालय के अनुसार इस आदेश से लगभग 7 लाख 80 हजार जवानों को सीधा फ़ायदा होगा. इस आदेश में सभी रैंक के जवानों को शामिल किया गया है जैसे कॉन्स्टेबल, हेड कॉन्स्टेबल और एएसआइ इन्हें भत्ता मिलेगा. इस फैसले की सबसे बड़ी खास बात ये है की जवान ड्यूटी के लिए यात्रा करे या फिर छुट्टी के लिए करे दोनों में ये भत्ता मिलेगा. अब जवानों के लिए टाइम का बचत होगा छुट्टी में घर पहुचने में भी और ड्यूटी जाने में भी.

पहले इस तरह थी सुविधा


आपको जानकारी के लिए बता दें की केंद्रीय पुलिस बल के जवानों के लिए हवाई यात्रा के लिए सुविधा दिए गए थे, इसको दिसम्बर 2017 को दिल्ली से जम्मू, जम्मू से श्रीनगर, श्रीनगर से जम्मू और जम्मू से दिल्ली के लिए भी बदाय गया. केंद्रीय सरकार ने इन जगहों के लिए 2018 में प्लेन की संख्या में बढोतरी की थी. जब जरुरत होती है तो ऐसे समय में वायुसेना की भी मदद लि जाती है.

इस फैसले को असली वजह क्या है


पुलवामा हमले से पहले पुलिस बल और सैन्य के तरफ से सरकार को जवानों को निकलने के लिए हवाई यात्रा की सुविधा देने के लिए पत्र लिखा गया था. इस पत्र के जबाब में गृह मंत्रालय ने जवानों को सड़क के रास्ते निकलने को कहा और हवाई यात्रा को मंजूरी नहीं दी.

इस जबाब के बाद 14 फरवरी को जवान का काफिला लौट रहा था तो उसी समय आतंकी हमला हो गया और तकरीबन 40 जवान शहीद हो गए. इस बात का खुलासा होने पर सरकार की काफी किरकिरी होने लगी थी.